Dolly Aur Coaching Teacher

फिर सर ने मेरे खुले बालों को हटाकर मेरे टॉप की चैन पीछे से खोल दी और मेरे लाख मना करने के बाद भी मेरे टॉप को निकाल कर फेंक दिया। मेरी जवानी को लूटने में यह सर की पहली सफलता थी। अब सर के दोनों हाथों ने मेरी नंगी कमर और पेट को लूटना शुरू कर दिया था। फिर सर ने मेरा हाथ पकड़कर अपनी अंडरवियर पर रखवा दिया और मुझे उसे उतारने को कहा, लेकिन मेरे हाथ कांप रहे थे तो में यह नहीं कर पाई, फिर सर ने अचानक से ही मुझे चूमना शुरू कर दिया। कभी वो मेरे होंठ को चूसते तो कभी मेरी गर्दन पर किस करते, तो कभी वो मुझे अपने ऊपर लेते और कब उन्होंने मेरी ब्रा का हुक खोल दिया मुझे पता भी नहीं चला। अब मेरी ब्रा एकदम ढीली हो गई और जब तक में कुछ सोच पाती, उन्होंने मेरी ब्रा को एक ही झटके में निकाल दिया और फिर मैंने जल्दी से अपने हाथों से अपने बूब्स को छुपा लिया और बिस्तर से निकलकर खड़ी हो गई।

अब सर बिस्तर पर लेटे लेटे मेरी ब्रा को किस कर रहे थे और फिर सर ने अपनी टाईट चड्डी में मेरी ब्रा को अंदर डाल दिया और मुझे देखकर मुस्कुराने लगे। सर प्लीज मेरी ब्रा दे दो मुझे बहुत शर्म आ रही है, तो सर बोले ओके डॉली तो आकर ले जाओ अपनी ब्रा को। ये देखो कहाँ फंस गयी है? सर में नहीं आ सकती, आपको मेरी कसम प्लीज दे दो ना। तो डॉली चलो एक गेम खेलते है, में 5 तक गिनती बोलूँगा अगर तुम यहाँ नहीं आई तो में वहाँ आकर तुम्हारी स्कर्ट ले जाऊंगा, नो सर आप बहुत बेशर्म हो, प्लीज सर दे दो ना, तो गेम स्टार्ट बेबी। 1 सर प्लीज, 2 सर आपको मेरी कसम है, 3 सर में गुस्सा हो जाउंगी, 4 ओके सर में आती हूँ, लेकिन मेरा टॉप दे दो में अपने हाथ कैसे यूज़ करुँगी? फिर सर मेरे नज़दीक आ गये, ओके ठीक है में स्कर्ट निकाल रहा हूँ अगर रोकना चाहों तो मुझे रोक लो और हाँ में स्कर्ट निकालने के लिए हाथों का यूज़ नहीं करने वाला, सर प्लीज।

फिर सर ने अपने दातों से मेरी स्कर्ट का पहला बटन खोल दिया, ओहह्ह्ह सर प्लीज, ओह नो डॉली यह बाकी दो बटन तो अंदर की साईड है। इसके लिए तो मुझे स्कर्ट के अंदर मुँह डालना पड़ेगा, यह सुनते ही मेरी चूत में से काफ़ी पानी बाहर आ गया और मेरी पेंटी उस वक़्त पूरी तरह से गीली हो चुकी थी और में झड़ने ही वाली थी। फिर सर ने नीचे से स्कर्ट को थोड़ा उठाया और अपना सिर मेरी स्कर्ट में डॉल दिया, यह होते ही जिन हाथों ने मेरे बूब्स को दबा रखा था, उन्होंने ही उसे दबाना शुरू कर दिया। अब उन्होंने अपने होठों से मेरी जांघो को चूमना शुरू कर दिया। यह होते ही मेरे मुँह से आवाज़े निकलनी शुरू हुई, आह्ह् ओह्ह्ह्ह गई, ओह माँ और जैसे ही उनके होंठ मेरी पेंटी से टच हुए तो मेरे मुँह से आवाज़ आई ओहह फक मी और तीन चार किस के बाद ही में वहीँ खड़े-खड़े उनके मुँह के ऊपर ही झड़ गई। फिर सर ने अपने हाथों से ही मेरी स्कर्ट के बाकी के दो बटन को भी खोल दिया और मेरी स्कर्ट भी नीचे गिर गयी और मैंने जल्दी से दीवार की और मुँह कर लिया।

अब में सिर्फ़ पेंटी में थी और फिर सर ने मेरे कान में कहा कि कैसा लगा? और में शरमा कर रह गई। फिर सर बोले अब शरमाती ही रहोगी या मेरा अंडरवियर भी उतारोगी। आओं ना प्लीज या में तुम्हारी पेंटी निकाल दूं, ओह सर प्लीज। फिर सर ने पीछे से ही अपने हाथों से मेरी कमर पर हाथ रख दिया और मुझे किस करने लगे। में फिर से जोश में आने लगी और मुझे जोश में लाने के लिए सर के दोनों हाथ मेरे हाथ को हटाने लगे और कुछ ही सेकेंड के बाद मेरे मुँह से आह्ह्ह निकल गई। अब उनके हाथों ने मेरे दोनों बूब्स को अपनी मुट्ठी में भर लिया था और मेरे दोनों हाथ ऊपर हो गये थे। फिर वो मेरे बूब्स के साथ खेलने लगे और ज़ोर-ज़ोर से मेरे बूब्स को दबाने लगे। फिर उन्होंने मुझे सीधा किया और मेरे बूब्स को अपने मुँह में ले लिया। मेरी शर्म भी काफ़ी कम गई थी, फिर में सर के साथ चिपक गई, इसके बाद हमें खूब मजे लिए ।।

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